भिवानी। फिल्मों सहित समाज के विभिन्न क्षेत्रों में चल रहे ‘मी टू अभियान’ के बीच अभिनेता एवं ‘आशिकी’ फिल्म से चर्चित हुए राहुल राय ने सोमवार को कहा कि कि केवल हीरोइन ही नहीं, बल्कि हीरो को भी फिल्म उद्योग में समझौता करना पड़ता है। उन्होंने ऐसे मामलों में आरोपों की जांच के लिए एक समिति बनाने का भी सुझाव दिया।
भिवानी में एक शो में पहुंचे राय ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि गत 8-9 साल से रियलिटी शो एवं सोशल मीडिया के जरिए प्रतिभाएं निकलकर आई हैं। फिल्म उद्योग में खुद को स्थापित करने के लिए समझौता किए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि केवल हीरोइनें ही नहीं, बल्कि हीरो को भी समझौता करना पड़ता है। यह कड़वी सच्चाई रही है।
उन्होंने कहा कि अगर फिल्म उद्योग में कामयाब होना है तो ‘शॉर्टकट’ नहीं बल्कि मेहनत को तवज्जो देनी होगी। ‘मी टू अभियान’ पर उन्होंने कहा कि ऐसा होता आया है। 90 (के दशक) से पहले भी ऐसी बातें होती थीं। मेरी राय में एक कमेटी होनी चाहिए, जो कि तय करे कि ऐसा हुआ या नहीं?
उन्होंने कहा कि बॉलीवुड ही नहीं, हॉलीवुड में भी ऐसा होता रहा है। कैसे स्थिति को संभालना है, उसके लिए कमेटी होनी ही चाहिए। आरोपों की जांच जरूरी है। उन्होंने कहा कि ऐसी चीजें नहीं होनी चाहिए। केवल फिल्म इंडस्ट्री में ही नहीं, हर उद्योग में ऐसा है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।