सेंट मौरित्ज (स्विट्जरलैंड)। दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान ग्रीम स्मिथ का मानना है कि मौजूदा वनडे श्रृंखला में भारत के पूरे दबदबे से साबित हो गया है कि दक्षिण अफ्रीका की भावी पीढ़ी अभी दमदार प्रतिद्वंद्वी का सामना करने के लिए तैयार नहीं है। भारत दक्षिण अफ्रीकी सरजमीं पर पहली वनडे श्रृंखला जीतने की दहलीज पर है।

स्मिथ ने यहां सेंट मौरित्ज आइस क्रिकेट टूर्नामेंट से इतर कहा कि भारतीय टीम 3-0 से बढ़त बनाने की हकदार थी। दक्षिण अफ्रीका के 3 प्रमुख खिलाड़ी एबी डिविलियर्स, फॉफ डु प्लेसिस और क्विंटन डिकॉक चोट के कारण बाहर हैं लेकिन इससे यह भी साबित हो गया कि दक्षिण अफ्रीकी क्रिकेटरों की अगली नस्ल अभी कमान संभालने के लिए तैयार नहीं है।
उन्होंने कहा कि दक्षिण अफ्रीका क्रिकेट को देखना है कि वे युवाओं को किस तरह तैयार करेंगे ताकि वे इस स्तर पर अच्छा खेल सकें। मैं उनके प्रदर्शन से बहुत निराश हूं लेकिन भारत को बेहतरीन क्रिकेट खेलने का श्रेय दिया जाना चाहिए।
दक्षिण अफ्रीका के लिए 117 टेस्ट खेल चुके स्मिथ ने कहा कि इस समय लग रहा है कि हम श्रृंखला में बड़ी हार झेलने जा रहे हैं, जो निराशाजनक है। विश्व कप 2019 के बाद कई खिलाड़ी टीम में नहीं होंगे और इस श्रृंखला से पता चल गया है कि नए खिलाड़ियों को काफी मेहनत करनी होगी। स्मिथ को सबसे ज्यादा दुख इस बात का है कि मेजबान बल्लेबाज कुलदीप यादव और युजवेंद्र चहल की फिरकी का सामना नहीं कर सके।
उन्होंने कहा कि वे अच्छी बल्लेबाजी कर ही नहीं पाए। मध्यक्रम के पास अनुभव नहीं था लेकिन जेपी डुमिनी और डेविड मिलर तो काफी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके हैं और आईपीएल में भी स्पिन गेंदबाजी का सामना कर चुके हैं।
उन्होंने चहल और यादव की तारीफ करते हुए कहा कि दोनों ने मुथैया मुरलीधरन और शेन वार्न के जाने के बाद फिरकी को फिर दिलचस्प बना दिया है। मुरली और वार्न अब नहीं खेलते और क्रिकेट के लिए चहल और यादव का आना अच्छा है। खेल में कोई रहस्यमय स्पिनर नहीं था और इनके मौजूदा प्रदर्शन ने इसे रोमांचक बना दिया है।