मॉस्को। बेल्जियम स्टार स्ट्राइकर रोमेलू लुकाकू और ईडन हेजार्ड के 2-2 गोल की बदौलत शनिवार को यहां विश्व कप के ग्रुप ‘जी’ के मुकाबले में ट्यूनीशिया को 5-2 से शिकस्त देकर अंतिम 16 में प्रवेश के करीब पहुंच गया। टूर्नामेंट की छुपी रुस्तम टीम में शुमार बेल्जियम इस मैच में जीत की बदौलत 6 अंक से ग्रुप ‘जी’ में शीर्ष पर कायम है।
पिछले मैच में पनामा को 3-0 से हराने वाली बेल्जियम शुरू से ही आक्रामक दिख रही थी और उसकी पासिंग भी बेहतरीन दिखी। टीम 16वें मिनट तक 2-0 से आगे हो गई लेकिन ट्यूनीशिया टीम ने भी मौका बनाते हुए इस अंतर को कम किया। हालांकि बेल्जियम ने लुकाकू के दूसरे गोल की मदद से 3-1 के स्कोर से पहले हॉफ में 2 गोल की बढ़त बनाए रखी। बेल्जियम के लिए दूसरे हॉफ में हेजार्ड के अलावा मिची बातशुआई टुंगा ने 90वें मिनट में गोल किया।
ईडन हेजार्ड 6ठे मिनट में बॉल को लेकर भाग रहे थे कि ट्यूनीशिया के बेन यूसेफ ने बॉक्स के अंदर चेल्सी के इस फुटबॉलर को गिरा दिया जिससे बेल्जियम को पेनल्टी मिली। इस करिश्माई फॉरवर्ड ने खुद ही पेनल्टी किक ली और इस पर आराम से गोल दागकर टीम को 1-0 से बढ़त दिला दी। यह हेजार्ड का विश्व कप में पहला गोल था।
इसके 10 मिनट बाद ही स्ट्राइकर लुकाकू ने इस बढ़त को दोगुना करते हुए रूस में अपना तीसरा गोल दागा। ड्राइज मर्टन्स ने परफेक्ट टाइमिंग पर गेंद ट्यूनीशियाई हॉफ में पहुंचाई और मैनचेस्टर यूनाइटेड के इस लंबी कद-काठी के स्ट्राइकर ने आराम से इसे बेन यूसुफ के पैरों के नीचे से निकालते हुए गोलकीपर फारुख बेन मुस्तफा के सामने से गोल में पहुंचा दिया। 2 मिनट बाद ही ट्यूनीशिया ने इस अंतर को कम कर दिया, जब डिलन ब्रोन ने वहाबी खाजरी द्वारा ली गई फ्री किक पर शानदार गोल किया। उन्होंने जरा सी फ्लिक से बेल्जियम के गोलकीपर थिबोट कौरटिस को पछाड़कर अपना पहला अंतरराष्ट्रीय गोल दागा।
ट्यूनीशिया ने इंग्लैंड के खिलाफ मिली 1-2 हार वाले मैच में भी पहले ही शॉट पर गोल कर दिया था और शनिवार को भी ऐसा ही रहा। अगले मिनट में यानिक कारास्को ने तेजी से शॉट गोल में डाला लेकिन ट्यूनीशिया के गोलकीपर बेन मुस्तफा ने इसे आसानी से हाथों में पकड़ लिया। वहीं 22वें मिनट में ट्यूनीशिया के लिए गोल करने वाले ब्रोन अजीब तरह से गिर गए जिससे उन्हें चोट लगी और उन्हें बेंच पर बाहर ले जाया गया। उनकी जगह हमदी नागुएज उतरे।लुकाकू ने 26वें मिनट में मौका बनाया था लेकिन गोलकीपर बेन मुस्तफा ने उन्हें हाथ से बाहर करने की कोशिश की। इस पर लुकाकू ने पेनल्टी की मांग की लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।
पहले हॉफ के बाद इंजुरी टाइम में 4 मिनट का इजाफा हुआ जिसके तीसरे मिनट में लुकाकू ने दूसरा गोल कर बेल्जियम का स्कोर 3-1 कर दिया। डि ब्रुन ने मेयूनियर के साथ मिलकर लुकाकू के लिए सही मौका बनाया जिन्होंने इसे गोल में बदलने में जरा गलती नहीं की और 2 गोल की बढ़त बरकरार रखी। दूसरे हॉफ में ट्यूनीशिया ने दबदबा बनाने की कोशिश की और खाजरी ने एक मौका भी बनाया, पर यह शॉट थोड़ा ऊपर चला गया।
हेजार्ड ने 51वें मिनट में अपना दूसरा गोल दागा, जो उन्होंने काफी स्टाइल से किया। केविन डि ब्रून ने मैनचेस्टर सिटी के इस खिलाड़ी के लिए बेहतरीन मौका बनाया और उन्होंने ट्यूनीशियाई रक्षात्मक पंक्ति को चीरते हुए इस पास पर आराम से खाली नेट में गोल दागा। थोड़ी देर बाद बारिश आने लगी। ट्यूनीशियाई टीम के कोच नाबिल मालौल ने दूसरे गोल की उम्मीद में 5 स्ट्राइकर मैदान पर उतार दिए, क्योंकि उनके पास गंवाने के लिए कुछ नहीं था।
मैच के अंतिम मिनट में स्थानापन्न खिलाड़ी मिची बातशुआई टुंगा ने 90वें मिनट में यौरी टिलेमान्स के दाईं ओर से क्रॉस पर परफेक्ट गोल कर स्कोर 5-1 कर दिया। ट्यूनीशिया के लिए खाजरी ने इंजुरी टाइम (90 प्लस 3 मिनट) में दूसरा सांत्वना गोल किया। बेल्जियम का सामना 28 जून को इंग्लैंड से होगा जबकि ट्यूनीशिया की भिड़ंत इसी दिन पनामा से होगी।